• Home
  • About Us
  • Advertise With Us
  • Contact Us
  • Privacy Policy
  • Terms & Conditions
Thursday, February 12, 2026
  • Login
Lucknow Junction
Advertisement
  • Home
  • ट्रेंडिंग न्यूज़
  • देश
  • विदेश
  • उत्तर प्रदेश
  • विशेष
  • विभागीय
  • E-Magazine
  • अन्य
  • Home
  • ट्रेंडिंग न्यूज़
  • देश
  • विदेश
  • उत्तर प्रदेश
  • विशेष
  • विभागीय
  • E-Magazine
  • अन्य
No Result
View All Result
Lucknow junction

नेताओं की देशभक्ति की अग्निपरीक्षा, सेना में बेटा भेजो, पेंशन लो!”

News-Desk by News-Desk
May 1, 2025
in ट्रेंडिंग न्यूज़, देश
0
नेताओं की देशभक्ति की अग्निपरीक्षा, सेना में बेटा भेजो, पेंशन लो!”

खबरें हटके

क्यों गायब हो रहे बच्चे?

प्रदूषण बढ़ा, लेकिन बजट कम हो गया

नेताओं की देशभक्ति की अग्निपरीक्षा, सेना में बेटा भेजो, पेंशन लो!”

भारत में एक बार विधायक या सांसद बन जाना आजीवन पेंशन की गारंटी बन चुका है, चाहे उनका संसदीय रिकॉर्ड शून्य क्यों न हो। वहीं, सीमाओं पर तैनात सैनिक हर रोज़ जान जोखिम में डालते हैं, लेकिन उनके परिवारों को न्यूनतम सुविधाएं भी संघर्ष से मिलती हैं। सवाल उठता है – क्या नेताओं की देशभक्ति सिर्फ भाषणों और नारों तक सीमित है? क्यों नहीं उनके बेटे-बेटियां सेना में भर्ती होते? अगर आम जनता अपने बच्चों को देश सेवा के लिए भेज सकती है, तो नेता सिर्फ ‘वोट’ नहीं, ‘बलिदान’ भी दें। वक्त आ गया है कि नेताओं की पेंशन को सेना सेवा से जोड़ा जाए – ताकि देशभक्ति सिर्फ मंच की बातें न रह जाए, बल्कि जीने का सच्चा प्रमाण बने।

— डॉ. सत्यवान सौरभ

“पेंशन नहीं, पराक्रम दो: नेताओं की देशभक्ति का असली टेस्ट”

देशभक्ति का ज़ोर जब चुनावी भाषणों में सिर चढ़कर बोलने लगे और हर गली-चौराहे पर तिरंगे का रंग दिखने लगे, तब हमें थोड़ा रुककर यह सोचना चाहिए कि यह प्रेम किसके लिए है – देश के लिए या कुर्सी के लिए? क्योंकि जिनके मुँह में हर पल ‘भारत माता की जय’ और ‘वंदे मातरम्’ है, उनके बच्चे किसी इंटरनेशनल स्कूल में पढ़ते हैं, विदेश में नौकरी करते हैं, और कभी गलती से भी सीमा की तरफ नहीं देखते। लेकिन वही नेता, जब जनता से त्याग और बलिदान माँगते हैं, तो आत्मा काँप जाती है।

भारत में एक बार विधायक या सांसद बन जाने का मतलब है – “रिटायरमेंट सेट है भाई!” एक बार कुर्सी मिली, तो ज़िंदगीभर पेंशन, बंगला, सुरक्षा, गाड़ी, ड्राइवर, और ‘माननीय’ की उपाधि मुफ्त में। चाहे संसद में आपने एक भी सवाल न पूछा हो, चाहे सदन की कार्यवाही में सिर्फ झपकी ली हो, चाहे जनता आपको अगले चुनाव में बाहर का रास्ता दिखा दे – पेंशन मिलती ही मिलती है!

क्या आपने कभी सुना कि एक सैनिक, जो सियाचिन में तैनात था और तीन साल में घर आया, उसे जीवन भर की पेंशन मिल गई हो? नहीं ना? उसे हर सेवा वर्ष का हिसाब देना पड़ता है। उसे शहीद होने पर भी ‘मुआवजे’ की फाइलें घूमती हैं।

देशभक्ति की बात करते समय नेता अक्सर कहते हैं – “हम तो देश के लिए जान देने को तैयार हैं!” पर यह ‘हम’ कौन है? उनके बच्चे कहाँ हैं? क्यों नहीं कोई ‘माननीय पुत्र’ सीमा पर तैनात है? क्यों नहीं कोई ‘राजकुमारी’ मेडिकल कोर में है? सच्चाई यह है कि ये नेता देशभक्ति को अपनी राजनीतिक दुकान के प्रमोशनल पोस्टर की तरह इस्तेमाल करते हैं, और उनके बच्चे उस दुकान से मुनाफा उठाते हैं।

अगर देश में जनता को मुफ्त राशन के लिए आधार-OTP देना पड़ता है, तो नेता की पेंशन के लिए भी एक शर्त होनी चाहिए – “पेंशन तभी मिलेगी, जब आपके परिवार का कोई सदस्य सेना में सेवा देगा।”

कल्पना कीजिए क्या दृश्य होगा: एक विधायक के बेटे की यूनिफॉर्म की पहली प्रेस हो रही है, एक सांसद की बेटी बूट पहन रही है, एक मंत्री का पोता हथियार चलाने की ट्रेनिंग ले रहा है। क्या तब उनके बयानों में सच्ची देशभक्ति नहीं दिखेगी?

देश की सबसे कठिन सेवा – सेना की सेवा – को गरीब, मध्यम वर्ग के बच्चे निभाते हैं। वो जिनके पास न जुगाड़ है, न सुरक्षा। वो भर्ती में दौड़ते हैं, दौड़ते हुए मर भी जाते हैं। कोई कैमरा नहीं आता, कोई चैनल ब्रेकिंग न्यूज़ नहीं दिखाता। दूसरी ओर नेता के बच्चे अगर विदेश में शराब पीते पकड़े जाएं, तो भी नेता कहता है – “बेटा थोड़ा भटक गया, अब अमेरिका भेज रहे हैं पढ़ने।” भाई, अगर ‘भटकने’ की सजा विदेश है, तो ‘सीधे’ लोगों को सजा क्यों?

हर बार चुनाव के समय सेना की तस्वीरें, सैनिकों की कहानियाँ, शौर्य गाथाएं पोस्टरों पर होती हैं। सर्जिकल स्ट्राइक का श्रेय लेने में हर दल आगे है, लेकिन उस ऑपरेशन में जान गंवाने वाले सैनिक का नाम किसी को याद नहीं। नेताओं को सेना सिर्फ इमोशनल वोट बैंक लगती है – जब ज़रूरत हो, तो उनकी वर्दी का इस्तेमाल करो, जब चुनाव जीत जाओ, तो उनका हाल पूछना भी गुनाह मानो।

अगर सच में ये देशभक्ति दिल से है, तो नेताओं को पेंशन की जगह एक प्रमाण पत्र देना चाहिए कि उनके परिवार से कोई सदस्य सेना में सेवा दे रहा है या दे चुका है। ये एक नया कानून होना चाहिए – सिर्फ पेंशन के हक के लिए नहीं, बल्कि असली देशप्रेम का सबूत देने के लिए।

एक बार एक नेता जी भाषण दे रहे थे – “अगर पाकिस्तान आँख उठाएगा, तो हम आँख निकाल लेंगे!”

एक नौजवान खड़ा हुआ और बोला – “आपका बेटा कौन-सी यूनिट में है साहब?”

नेता जी मुस्कराए – “वो तो इंजीनियरिंग कर रहा है, विदेश जाना है उसे…”

जनता हँसी नहीं, रोई। क्योंकि देशभक्ति अब सिर्फ ‘नारा’ बन गई है, ‘नियति’ नहीं।

देशभक्ति अगर सिर्फ भाषणों तक सीमित रह जाए, तो वह ‘वोटबैंक की दुकान’ बन जाती है। जब तक नेता और उनका परिवार उस देशभक्ति को जीते नहीं, तब तक हमें उनके भाषणों पर तालियाँ नहीं, सवाल उठाने चाहिए। नेताओं को पेंशन से ज्यादा जिम्मेदारी चाहिए, और उनके बच्चों को भाषण से ज्यादा बूट। देश को सिर्फ जनता नहीं, नेता भी बराबर दें – त्याग, परिश्रम और बलिदान।

देशभक्ति भाषणों से नहीं, भागीदारी से साबित होती है।

जब तक नेताओं के बच्चे सेना की वर्दी नहीं पहनते, तब तक उनके ‘बलिदान’ के बोल खोखले लगते हैं। पेंशन कोई सम्मान नहीं, एक ज़िम्मेदारी होनी चाहिए – जो तभी मिले, जब परिवार भी राष्ट्र सेवा में उतरे। आम नागरिक के टैक्स पर ऐश करना बंद हो, अब बारी है नेता भी हिस्सा लें – सरहद पर, ज़मीन पर, और ज़िम्मेदारी में। वर्ना जनता सिर्फ सुनती रहेगी, और देश सेवा का बोझ उठाते रहेंगे वही, जिनके पास न ताक़त है, न पहचान – सिर्फ जुनून है।

—

Post Views: 74
Tags: नेताओं की देशभक्ति की अग्निपरीक्षा
Previous Post

पेंशन नहीं, पराक्रम दो!

Next Post

प्रार्थनाओं की जगह

Related Posts

सुनो नहरों की पुकार : जब आस्था पर्यावरण से संवाद करती है
देश

क्यों गायब हो रहे बच्चे?

by News-Desk
February 11, 2026
प्रदूषण बढ़ा, लेकिन बजट कम हो गया
देश

प्रदूषण बढ़ा, लेकिन बजट कम हो गया

by News-Desk
February 11, 2026
पीएनबी ने अपने 132वें स्थापना दिवस के पूर्व ‘पीएनबी सोल्जरथॉन 2026’ की घोषणा की
देश

पीएनबी ने अपने 132वें स्थापना दिवस के पूर्व ‘पीएनबी सोल्जरथॉन 2026’ की घोषणा की

by News-Desk
February 10, 2026
जगदलपुर:भारत की संस्कृति का आभूषण है बस्तर – केंद्रीय गृहमंत्री
देश

जगदलपुर:भारत की संस्कृति का आभूषण है बस्तर – केंद्रीय गृहमंत्री

by News-Desk
February 9, 2026
उत्तर प्रदेश आर्थिक समीक्षा 2025-26*
देश

उत्तर प्रदेश आर्थिक समीक्षा 2025-26*

by News-Desk
February 9, 2026
Next Post
प्रार्थनाओं की जगह

प्रार्थनाओं की जगह

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Cricket Live Score

POPULAR NEWS

No Content Available

EDITOR'S PICK

घुसपैठियों के विरुद्ध भारत अमेरिका से लेकर यूरोप तक एलान-ए-जंग

घुसपैठियों के विरुद्ध भारत अमेरिका से लेकर यूरोप तक एलान-ए-जंग

September 15, 2025
ट्रंप का ‘टैरिफ बम’! भारत पर 26% शुल्क, लेकिन दोस्ती भी निभाई

ट्रंप का ‘टैरिफ बम’! भारत पर 26% शुल्क, लेकिन दोस्ती भी निभाई

April 3, 2025
PM मोदी से बोहरा समुदाय की धमाकेदार मुलाकात! वक्फ कानून को बताया ‘क्रांतिकारी कदम’

PM मोदी से बोहरा समुदाय की धमाकेदार मुलाकात! वक्फ कानून को बताया ‘क्रांतिकारी कदम’

April 18, 2025

अंतर्राष्ट्रीय मित्रता दिवस 3 अगस्त 2025 – अंतरराष्ट्रीय समुदाय को आपसी मित्रता बढ़ाने की सख़्त ज़रूरत 

August 2, 2025

About Us

लखनऊ जंक्शन एक विश्वसनीय न्यूज़ पोर्टल है, जो लखनऊ और आसपास की ताज़ा, सटीक और निष्पक्ष खबरें आप तक पहुँचाने के लिए समर्पित है। राजनीति, समाज, शिक्षा, व्यापार, खेल और मनोरंजन से जुड़ी हर अहम जानकारी यहां मिलेगी। हम आपकी आवाज़ को मंच देने और शहर की हर हलचल से आपको अपडेट रखने के लिए प्रतिबद्ध हैं। लखनऊ की हर खबर, सबसे पहले, निष्पक्ष और विश्वसनीय रूप में!
E-Mail Id-lucknowjunction51@gmail.com

Follow us

Categories

  • E-Magazine
  • अन्य
  • उत्तर प्रदेश
  • ट्रेंडिंग न्यूज़
  • देश
  • विदेश
  • विभागीय
  • विशेष

Our Visitors

1828235
Total Visitors
1049
Visitors Today

Recent Posts

  • क्यों गायब हो रहे बच्चे? February 11, 2026
  • प्रदूषण बढ़ा, लेकिन बजट कम हो गया February 11, 2026
  • Lucknow junction 11 feb 2026 February 11, 2026
  • Home
  • ट्रेंडिंग न्यूज़
  • देश
  • विदेश
  • उत्तर प्रदेश
  • विशेष
  • विभागीय
  • E-Magazine
  • अन्य

©Copyright 2025, All Rights Reserved For Lucknow Junction by RA.Tech (7985291626)

No Result
View All Result
  • Home
  • ट्रेंडिंग न्यूज़
  • देश
  • विदेश
  • उत्तर प्रदेश
  • विशेष
  • विभागीय
  • अन्य
  • E-Magazine
  • Login

©Copyright 2025, All Rights Reserved For Lucknow Junction by RA.Tech (7985291626)

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Create New Account!

Fill the forms below to register

All fields are required. Log In

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In